स्थानीय चरम तब उत्पन्न होता है जब फलन किसी बिंदु के आसपास वृद्धि से ह्रास या ह्रास से वृद्धि में बदलता है।
प्रथम अवकलज कसौटी
- \(+\to-\): स्थानीय अधिकतम।
- \(-\to+\): स्थानीय न्यूनतम।
उदाहरण
\(f(x)=x^3-3x+1\) के लिए:
\[f'(x)=3(x-1)(x+1)\]
चिह्न क्रम +, −, + है। अतः \(x=-1\) पर स्थानीय अधिकतम और \(x=1\) पर स्थानीय न्यूनतम है।
\(f(-1)=3\) और \(f(1)=-1\), इसलिए बिंदु \((-1,3)\) तथा \((1,-1)\) हैं।
द्वितीय अवकलज कसौटी
यदि \(f'(c)=0\) तथा \(f”(c)>0\), तो न्यूनतम; यदि \(f”(c)<0\), तो अधिकतम मिलता है।
वृद्धि–ह्रास सारणी से जाँचें।
हर क्रांतिक बिंदु चरम नहीं होता
यदि अवकलज शून्य हो लेकिन चिह्न न बदले, तो स्थानीय अधिकतम या न्यूनतम नहीं बनता। विशेषतः द्वितीय अवकलज शून्य होने पर प्रथम अवकलज का चिह्न अवश्य जाँचें।